टीवी एक्टर रोहित चंदेल ने पॉक्सो मामले में जमानत मिलने के बाद सोशल मीडिया पर अपनी पहली पोस्ट शेयर की है। 10 सितंबर को जमानत पर जेल से बाहर आने के बाद रोहित ने शनिवार को अपनी एक तस्वीर पोस्ट की। इसके साथ ही उन्होंने धर्म और जीत से जुड़ा संस्कृत वाक्य लिखा। एक्टर ने अपने टीवी शो ‘सैराब’ के खत्म होने का भी जिक्र किया।
जमानत के बाद रोहित चंदेल की पहली पोस्ट
रोहित ने समुद्र के किनारे खड़े अपनी एक तस्वीर शेयर की। तस्वीर में वह कैमरे की तरफ पीठ करके खड़े हैं और पारंपरिक कपड़ों में नजर आ रहे हैं। उनके हाथ प्रार्थना की मुद्रा में जुड़े हुए हैं।
तस्वीर के साथ रोहित ने लिखा, “यतो धर्मस्ततो जयः।” इस संस्कृत वाक्य का सामान्य अर्थ है- “जहां धर्म है, वहां विजय है।” यह वाक्य महाभारत से जुड़ा है और अदालत के प्रतीक चिह्न के नीचे भी इसे लिखा गया है, जो न्याय और धर्म के आधार पर निष्पक्ष व्यवस्था का प्रतीक माना जाता है।
रोहित की यह पोस्ट करीब दो महीने की हिरासत के बाद सामने आई है। उन पर 16 साल की एक लड़की ने पीछा करने, परेशान करने और मारपीट के आरोप लगाए थे। ये आरोप फिलहाल चल रही कानूनी कार्यवाही का हिस्सा हैं और मामले में अंतिम फैसला अदालत को करना है।
10 सितंबर को मिली जमानत
रोहित को मुंबई की घाटकोपर पुलिस ने 10 जुलाई को गिरफ्तार किया था। आरोप लगाने वाली 16 वर्षीय लड़की उनकी को-स्टार बताई गई है। इस मामले में पॉक्सो एक्ट के साथ भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया था।
इसके बाद 10 सितंबर को मुंबई सेशंस कोर्ट ने रोहित को जमानत दे दी। जेल से बाहर आने के बाद उन्होंने सोशल मीडिया पर पहली बार पोस्ट शेयर की, जिसमें उन्होंने धर्म और विजय से जुड़ा संदेश दिया।
रोहित ने ‘सैराब’ के खत्म होने का भी किया जिक्र
जमानत के बाद अपनी पहली सोशल मीडिया पोस्ट में रोहित ने अपने टीवी शो ‘सैराब’ के खत्म होने को भी स्वीकार किया। गिरफ्तारी से पहले वह इस शो का हिस्सा थे।
रोहित की यह पोस्ट ऐसे समय में आई है, जब मामले में कानूनी कार्यवाही अभी जारी है। उनके खिलाफ लगाए गए आरोप और उनका बचाव अदालत के सामने चल रही न्यायिक प्रक्रिया का हिस्सा हैं।
फिलहाल रोहित की पहली पोस्ट ने लोगों का ध्यान खींचा है। खासतौर पर उनके द्वारा चुना गया “यतो धर्मस्ततो जयः” वाक्य चर्चा में है, जिसे धर्म और विजय से जोड़कर देखा जाता है।