सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर अंजलि अरोड़ा के मंगेतर आकाश संसनवाल को उत्तर प्रदेश पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। उन पर आरोप है कि उन्होंने अपनी गाड़ी पर फर्जी MP/MLA पास लगाकर सुरक्षा जांच से बचने की कोशिश की। यह कार्रवाई गणतंत्र दिवस से पहले बढ़ाई गई सुरक्षा व्यवस्था के दौरान की गई।
मेरठ में चेकिंग के दौरान पकड़ा गया मामला
यह घटना दिल्ली–मेरठ एक्सप्रेसवे के काशी टोल प्लाजा की है। यहां पार्टापुर थाना क्षेत्र की पुलिस नियमित वाहन जांच कर रही थी। इसी दौरान एक ब्लैक फिल्म लगी स्कॉर्पियो SUV को रोका गया, जिस पर सांसद या विधायक का पास लगा हुआ था।
पुलिस को शक होने पर जब पास की जांच की गई, तो वह पूरी तरह फर्जी निकला। इसके बाद आकाश संसनवाल को मौके पर ही हिरासत में ले लिया गया।

पुलिस अधिकारियों का बयान
मेरठ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. विपिन टाडा ने बताया कि आरोपी के खिलाफ FIR दर्ज कर उसे जेल भेज दिया गया है। उन्होंने कहा कि गणतंत्र दिवस जैसे अहम मौके से पहले किसी भी तरह की लापरवाही या फर्जीवाड़े को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
सोशल मीडिया पर छाया मामला
आकाश संसनवाल की गिरफ्तारी की खबर सामने आते ही यह मामला सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया। इसकी बड़ी वजह यह है कि वह मशहूर सोशल मीडिया स्टार अंजलि अरोड़ा के मंगेतर हैं। अंजलि अरोड़ा को “कच्चा बादाम” गाने पर बनी वायरल रील से जबरदस्त पहचान मिली थी और वह कई म्यूजिक वीडियो व रियलिटी शोज़ में नजर आ चुकी हैं।

राजनीतिक संबंधों का दावा
पुलिस के अनुसार, आकाश संसनवाल ने पूछताछ के दौरान खुद को एक मौजूदा सांसद का पर्सनल असिस्टेंट बताया और सांसद के परिवार से करीबी संबंध होने का दावा किया। हालांकि, पुलिस ने साफ किया है कि इन दावों की जांच की जा रही है और अभी तक इनकी पुष्टि नहीं हुई है।
किन धाराओं में दर्ज हुआ केस?
आकाश संसनवाल के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की कई गंभीर धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। इनमें शामिल हैं:
- पहचान बदलकर धोखाधड़ी करना
- महत्वपूर्ण दस्तावेज़ों की जालसाजी
- धोखा देने के इरादे से फर्जी दस्तावेज़ तैयार करना
- फर्जी दस्तावेज़ को असली बताकर इस्तेमाल करना
- पुलिस का सख्त अभियान जारी
पुलिस ने बताया कि इसी विशेष चेकिंग अभियान के दौरान पांच अन्य गाड़ियां भी फर्जी MP/MLA पास के साथ पकड़ी गईं। इसके अलावा, 50 से अधिक वाहन मालिकों पर FIR दर्ज की गई, जिनमें काली फिल्म का इस्तेमाल और ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन शामिल है।
पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि VIP पास या राजनीतिक पहचान का गलत इस्तेमाल करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी, चाहे वह व्यक्ति कितना ही प्रभावशाली क्यों न हो।