दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर के अचानक निधन की खबर से पूरी फिल्म इंडस्ट्री में शोक की लहर है। नाना पाटेकर के साथ फिल्म ‘काला’ में स्क्रीन शेयर कर चुके अभिनेता पंकज त्रिपाठी ने भी उनके निधन पर गहरा दुख जताया। उन्होंने नाना को सिर्फ अपना को-एक्टर ही नहीं, बल्कि एक गुरु बताया, जिनसे उन्होंने एक्टिंग के साथ-साथ जिंदगी को लेकर भी काफी कुछ सीखा।
पंकज त्रिपाठी ने नाना पाटेकर को याद करते हुए कहा, “नाना जी का जाना हमारी पूरी फिल्म इंडस्ट्री के लिए बेहद दर्दनाक नुकसान है। मेरे लिए यह एक बेहद व्यक्तिगत क्षति है। मुझे ‘काला’ में उनके साथ स्क्रीन शेयर करने का मौका मिला और वह अनुभव हमेशा मेरे लिए बेहद खास रहेगा।”
पंकज ने बताया कि नाना उनके लिए सिर्फ एक सह-कलाकार नहीं थे, बल्कि वह उन्हें एक्टिंग के तरीके, जिंदगी से जुड़े फैसलों और अभिनय की छोटी-छोटी बारीकियों को समझने में भी मार्गदर्शन देते थे। उन्होंने कहा कि नाना को देखकर और उनकी बातें सुनकर ही उन्होंने बहुत कुछ सीखा।
नाना को अपना गुरु मानते थे पंकज त्रिपाठी
पंकज त्रिपाठी ने कहा कि नाना पाटेकर का मार्गदर्शन उनके लिए बहुत मायने रखता था। उनके मुताबिक, नाना से मिली सीख को वह हमेशा अपने साथ रखेंगे। पंकज ने कहा, “मेरे लिए ऐसा महसूस हो रहा है जैसे मैंने अपना एक गुरु खो दिया है।”
उन्होंने आगे कहा कि नाना की कमी हमेशा महसूस होगी, लेकिन उनकी सीख और उनका शानदार काम आने वाली पीढ़ियों के कलाकारों को भी प्रेरित करता रहेगा।
किरदार में पूरी तरह डूब जाने की थी खासियत
पंकज त्रिपाठी ने नाना पाटेकर की अदाकारी की खासियत को भी याद किया। उन्होंने कहा कि नाना की सबसे खास बात यह थी कि वह अपने किरदार में पूरी तरह गायब हो जाते थे, लेकिन इसके बावजूद अपनी एक अलग छाप छोड़ जाते थे।
पंकज के मुताबिक, भारतीय सिनेमा में नाना पाटेकर का योगदान सिर्फ उन फिल्मों तक सीमित नहीं है, जिनका वह हिस्सा रहे। उन्होंने एक्टर्स के अपने क्राफ्ट को देखने और समझने के तरीके को भी प्रभावित किया।
‘एक दौर का अंत’
पंकज त्रिपाठी ने नाना पाटेकर के निधन को “एक दौर का अंत” बताया। उन्होंने कहा कि भारतीय सिनेमा ने अपनी एक अलग पहचान रखने वाली आवाज और बेहतरीन कलाकारों में से एक को खो दिया है।
हालांकि, पंकज का मानना है कि नाना जैसे कलाकार कभी पूरी तरह हमसे दूर नहीं जाते। उनके किरदार, उनका काम और उनसे प्रेरणा लेने वाली कलाकारों की पीढ़ियां उनकी विरासत को आगे बढ़ाती रहेंगी।
पंकज ने कहा कि नाना पाटेकर की कला और उनकी सीख हमेशा लोगों के बीच जिंदा रहेगी और आने वाली पीढ़ियों के कलाकारों को प्रेरित करती रहेगी।