बॉलीवुड अभिनेत्री सोनाली बेंद्रे हमेशा अपनी खूबसूरती और फिटनेस को लेकर चर्चा में रही हैं। लेकिन कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से जंग जीतने के बाद उनकी जिंदगी में कई बदलाव आए। अब एक हालिया बातचीत में सोनाली ने खुलासा किया है कि कैंसर के इलाज के बाद उनकी स्किन पहले जैसी नहीं रही। उन्होंने बताया कि अब उनकी त्वचा धूप के प्रति काफी संवेदनशील हो गई है, जिसकी वजह से उन्हें अपनी स्किन की पहले से कहीं ज्यादा देखभाल करनी पड़ती है।
सोनाली बेंद्रे ने हाल ही में Tweak India को दिए एक इंटरव्यू में अपनी स्किनकेयर रूटीन और ब्यूटी हैक्स के बारे में खुलकर बात की। उन्होंने बताया कि पहले वह अपनी त्वचा पर ज्यादा ध्यान नहीं देती थीं, लेकिन कैंसर ट्रीटमेंट के बाद उन्हें अपनी आदतें बदलनी पड़ीं।
कैंसर के बाद स्किन हो गई ज्यादा संवेदनशील
सोनाली बेंद्रे ने कहा कि पहले उनकी स्किनकेयर रूटीन बेहद आसान थी। वह सिर्फ चेहरा धोती थीं और जब काम नहीं होता था तो चेहरे पर कुछ भी लगाने की जरूरत महसूस नहीं करती थीं। लेकिन अब स्थिति पूरी तरह बदल चुकी है।
उन्होंने बताया कि कैंसर के इलाज के बाद उनकी त्वचा धूप के प्रति बहुत अधिक संवेदनशील हो गई है। ऐसे में बाहर निकलने से पहले सनस्क्रीन लगाना उनकी दिनचर्या का अहम हिस्सा बन गया है। इसके अलावा वह नियमित रूप से मॉइस्चराइजर का इस्तेमाल करती हैं और ऑयल मसाज भी करती हैं ताकि त्वचा को पर्याप्त पोषण और नमी मिल सके।
सोनाली ने मुस्कुराते हुए कहा कि शायद यह उम्र बढ़ने का भी एक हिस्सा है, लेकिन अब उन्हें महसूस होता है कि त्वचा की देखभाल करना पहले से कहीं ज्यादा जरूरी हो गया है।
सादगी भरी स्किनकेयर को देती हैं प्राथमिकता
सोनाली बेंद्रे ने बातचीत के दौरान यह भी कहा कि उन्हें नहीं पता कि उनकी आदतों को ब्यूटी हैक्स कहा जा सकता है या नहीं, लेकिन जो चीजें उनके लिए काम करती हैं, वह उन्हें नियमित रूप से अपनाती हैं।
उनका मानना है कि हर व्यक्ति की त्वचा अलग होती है और किसी भी स्किनकेयर रूटीन को अपनाने से पहले अपनी त्वचा की जरूरतों को समझना जरूरी है। वह भारी-भरकम ब्यूटी प्रोडक्ट्स की बजाय नियमित देखभाल, मॉइस्चराइजेशन और सन प्रोटेक्शन को ज्यादा महत्व देती हैं।
विशेषज्ञ भी मानते हैं कि कैंसर के इलाज, खासकर कीमोथेरेपी और रेडिएशन के बाद कई लोगों की त्वचा पहले की तुलना में अधिक संवेदनशील हो सकती है। ऐसे में सनस्क्रीन, हल्के मॉइस्चराइजर और डॉक्टर की सलाह के अनुसार स्किनकेयर अपनाना फायदेमंद माना जाता है।
कैंसर से लड़ाई के बाद बनीं लाखों लोगों के लिए प्रेरणा
सोनाली बेंद्रे ने साल 2018 में खुलासा किया था कि उन्हें हाई-ग्रेड मेटास्टेटिक कैंसर का पता चला है। इलाज के लिए वह विदेश गई थीं और कई महीनों तक उपचार के बाद उन्होंने इस बीमारी को मात दी। इस दौरान उन्होंने सोशल मीडिया के जरिए अपने अनुभव साझा किए, जिससे कई मरीजों और उनके परिवारों को हिम्मत मिली।
कैंसर से उबरने के बाद सोनाली धीरे-धीरे अपने काम और सामान्य जीवन में लौटीं। आज भी वह स्वास्थ्य, मानसिक मजबूती और सकारात्मक सोच को लेकर खुलकर बात करती हैं। उनकी ईमानदारी और खुलापन लोगों को प्रेरित करता है कि गंभीर बीमारी के बाद भी जीवन को नए सिरे से जिया जा सकता है।
हालिया इंटरव्यू में स्किनकेयर को लेकर किया गया उनका खुलासा भी इसी सोच को दर्शाता है। उन्होंने यह स्वीकार करने में कोई झिझक नहीं दिखाई कि बीमारी और उम्र बढ़ने के साथ शरीर में बदलाव आना स्वाभाविक है। ऐसे बदलावों को स्वीकार करते हुए अपनी सेहत और त्वचा का ख्याल रखना ही सबसे जरूरी है।
सोनाली का यह बयान उन लोगों के लिए भी अहम संदेश है, जो कैंसर के इलाज के बाद होने वाले शारीरिक बदलावों से गुजर रहे हैं। सही देखभाल, नियमित दिनचर्या और सकारात्मक सोच के साथ इन बदलावों को बेहतर तरीके से संभाला जा सकता है। वहीं, विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि यदि कैंसर के इलाज के बाद त्वचा में किसी तरह की समस्या या अत्यधिक संवेदनशीलता महसूस हो, तो स्वयं इलाज करने के बजाय त्वचा विशेषज्ञ से सलाह लेना सबसे सुरक्षित विकल्प है।